World Mosquito Day: डेंगू, चिकनगुनिया या मलेरिया? समय रहते पहचानें तीनों के लक्षण; थोड़ी सी लापरवाही पड़ सकती है भारी
हर साल 20 अगस्त को मनाए जाने वाले 'विश्व मच्छर दिवस' (World Mosquito Day) का मुख्य उद्देश्य मच्छर जनित घातक बीमारियों के प्रति लोगों को जागरूक करना है। मानसून और बदलते मौसम में डेंगू, चिकनगुनिया और मलेरिया के मामले तेजी से बढ़ते हैं। चूंकि तीनों ही बीमारियों के शुरुआती लक्षण जैसे तेज बुखार, सिरदर्द और थकान एक जैसे लगते हैं, इसलिए लोग अक्सर इनके अंतर को समझ नहीं पाते।जानिए डेंगू, चिकनगुनिया और मलेरिया के विशिष्ट लक्षणों, अंतर और बचाव के जरूरी उपाय। जानिए डेंगू, चिकनगुनिया और मलेरिया के विशिष्ट लक्षणों, अंतर और बचाव के जरूरी उपाय।
नई दिल्ली: हर साल 20 अगस्त को दुनिया भर में 'विश्व मच्छर दिवस' (World Mosquito Day) के रूप में मनाया जाता है। यह दिन ब्रिटिश डॉक्टर सर रोनाल्ड रॉस की उस ऐतिहासिक खोज को समर्पित है, जिसमें उन्होंने सिद्ध किया था कि मलेरिया मादा एनाफिलीज़ मच्छर के काटने से फैलता है।
मानसून के मौसम में जलभराव और उमस के चलते डेंगू (Dengue), चिकनगुनिया (Chikungunya) और मलेरिया (Malaria) जैसी मच्छर जनित बीमारियां तेजी से पांव पसारती हैं। शुरुआती स्तर पर सटीक पहचान न होने से मरीज की स्थिति गंभीर हो सकती है।
डेंगू, चिकनगुनिया और मलेरिया के लक्षणों में अंतर
तीनों बीमारियों के मुख्य लक्षणों को समझना सही इलाज के लिए बेहद जरूरी है:
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डेंगू के लक्षण (Dengue):
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अचानक 104°F तक तेज बुखार आना।
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आंखों के पिछले हिस्से में तेज दर्द (Retro-orbital pain)।
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मांसपेशियों और हड्डियों में गंभीर दर्द (जिसे 'हड्डी तोड़ बुखार' भी कहा जाता है)।
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शरीर पर लाल चकत्ते (Rashes) और प्लेटलेट्स काउंट में तेजी से गिरावट।
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गंभीर स्थिति में नाक या मसूड़ों से खून आना और पेट दर्द।
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चिकनगुनिया के लक्षण (Chikungunya):
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तेज बुखार के साथ जोड़ों में अत्यधिक और असहनीय दर्द व सूजन।
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सुबह के समय जोड़ों में तेज अकड़न, जो ठीक होने के हफ्तों या महीनों बाद तक बनी रह सकती है।
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सिरदर्द, मतली और त्वचा पर लाल चकत्ते।
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मलेरिया के लक्षण (Malaria):
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कंपकंपी और ठंड लगने के साथ अचानक तेज बुखार आना।
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कुछ घंटों बाद तेज पसीना आना और बुखार का अचानक उतरना (Cyclical Fever)।
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अत्यधिक कमजोरी, उल्टी और गंभीर एनीमिया (खून की कमी)।
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मच्छर जनित बीमारियों की तुलना
| बीमारी | वाहक मच्छर (Vector) | मच्छर के काटने का समय | प्रमुख पहचान |
| डेंगू | एडीज एजिप्टी (Aedes) | मुख्य रूप से दिन के समय | आंखों के पीछे दर्द और प्लेटलेट्स गिरना |
| चिकनगुनिया | एडीज एजिप्टी / एल्बोपिक्टस | दिन के समय | जोड़ों में लंबे समय तक रहने वाला असहनीय दर्द |
| मलेरिया | मादा एनाफिलीज़ (Anopheles) | शाम, रात और तड़के | ठंड लगकर बुखार आना और पसीने के साथ उतरना |
बचाव और रोकथाम के अहम उपाय
मच्छर जनित संक्रमणों से बचने के लिए प्राथमिक स्तर पर सतर्कता बरतना आवश्यक है:
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पानी का ठहराव रोकें: कूलर, गमलों, पुराने टायरों और छतों पर रखे बर्तनों में पानी जमा न होने दें। सप्ताह में एक बार पानी के बर्तनों को सुखाकर साफ करें।
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पूरी बाजू के कपड़े पहनें: बाहर निकलते समय हल्के रंग के और शरीर को पूरी तरह ढकने वाले कपड़े पहनें।
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मच्छर भगाने वाले उपाय: मच्छरदानी, रिपेलेंट क्रीम, मैट्स या स्प्रे का नियमित उपयोग करें।
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डॉक्टरी सलाह और जांच: बुखार आने पर बिना डॉक्टर की सलाह के खुद से एस्प्रिन या आइबुप्रोफेन जैसी पेनकिलर दवाएं न लें, क्योंकि यह डेंगू में रक्तस्राव का खतरा बढ़ा सकती हैं। तुरंत रक्त जांच (CBC, NS1 Antigen, MP Test) कराएं।
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